समस्तीपुर | 04 फरवरी 2026
चाइल्ड मैरिज फ्री इंडिया (CMFI) अभियान के अंतर्गत बाल विवाह मुक्ति रथ के माध्यम से जिले में बाल विवाह के विरुद्ध सघन जन-जागरूकता अभियान संचालित किया जा रहा है। यह अभियान जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र, समस्तीपुर द्वारा एक्सेस टू जस्टिस कार्यक्रम – जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन अलायंस के सहयोग से चलाया जा रहा है।
इसी क्रम में आज रोसरा प्रखंड कार्यालय परिसर से बाल विवाह मुक्ति रथ को प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) श्री राकेश कुमार द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। वहां के पंचायतों और धार्मिक स्थलों पर जागरूकता कराते हुए उसके बाद विभूतिपुर आकर प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी के द्वारा हरी झंडी दिखा कर रवाना किया गया।यह रथ जिले के विभिन्न गांवों एवं मोहल्लों में जाकर बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति के विरुद्ध लोगों को जागरूक करेगा।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए सामाजिक कार्यकर्ता सरिता कुमारी ने कहा कि बाल विवाह केवल एक कानूनी अपराध नहीं बल्कि बच्चों के भविष्य के साथ अन्याय है। उन्होंने कहा कि यह अभियान समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में एक सशक्त पहल है और इसके लिए जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनसमूह ने शपथ ली कि वे समाज में लड़की की 18 वर्ष से पहले एवं लड़के की 21 वर्ष से पहले शादी नहीं होने देंगे तथा यदि कहीं भी बाल विवाह की जानकारी मिलेगी तो इसकी सूचना संबंधित प्रशासन एवं बाल संरक्षण इकाई को देंगे।
कार्यक्रम में दीप्ति कुमारी ने अभियान के उद्देश्य एवं आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बाल विवाह की रोकथाम के लिए सरकार, प्रशासन और समाज को मिलकर कार्य करना होगा। इसके पश्चात लोगों ने हस्ताक्षर कर अभियान को अपना समर्थन दिया।
जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र के कार्यकर्ता पप्पु यादव ने जानकारी दी कि यह बाल विवाह मुक्ति रथ 20 जनवरी 2026 से 08 मार्च 2026 तक जिले के सभी प्रखंडों, गांवों एवं मोहल्लों में भ्रमण कर लोगों को जागरूक करेगा।
कार्यक्रम के दौरान बाल विवाह निषेध अधिनियम, बाल अधिकारों तथा बाल विवाह के दुष्परिणामों से संबंधित नारों के माध्यम से जन-जागरूकता फैलायी गई। वक्ताओं ने बाल विवाह को एक गंभीर सामाजिक समस्या बताते हुए इसके उन्मूलन के लिए सामूहिक जिम्मेदारी और निरंतर जागरूकता पर बल दिया।
इस अवसर पर जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र से दीप्ति कुमारी, रवि कुमार मिश्रा, मयंक कुमार सिन्हा सहित अन्य सामाजिक कार्यकर्ता एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे।





















































