समस्तीपुर : किसान हित के लिए धर्म विजय गुप्ता ने 9 सूत्री मांगों को लेकर बिहार सरकार के मुख्यमंत्री के नाम से एक लिखित ज्ञापन सौंपा है । जिसमें उन्होंने बताया कि किसानों की समस्या को लेकर एक प्रस्ताव बिहार सरकार को लिखा है, जिसमें किसानों की समस्या एवं उसके निदान के लिए उन्होंने अपना विचार व्यक्त किया है, मुख्यमंत्री को भेजे आवेदन में चर्चा किया है कि किसान के द्वारा जो फल, सब्जियां उगाई जाती है, सब्जी की उपज अच्छी होती है और उसका निर्यात कम हो जाता है। तब सब्जी का मूल्य पूर्ण रूप से गिर जाता है जहां किसानों के द्वारा ओने पौने दामों में अपनी फसल को या तो बेच दिया जाता है या फिर उसे गड्ढे में सड़ने गलने के लिए फेंक दिया जाता है, जिससे किसानों को लाखों रुपए का नुकसान सहना पड़ता है, तो क्यों नहीं सरकार के द्वारा सभी प्रखंड में एक एक कोल्ड स्टोरेज एग्रीमॉल का निर्माण किया जाए, जहां किसानों द्वारा खेतों में उगाई गई फसल साग, सब्जी, फल जिसका मार्केट भाव पचास पैसे से रुपए दो रुपए प्रति किलो हो जाए तो उसे फेकने, बेचने, या बर्बाद करने के बजाय उसे कोल्ड स्टोरेज एग्रीमॉल में कम लागत में रख सकें। जब साग सब्जी फल मार्केट में आना बंद हो जाएगा, तब किसान उसे निकाल कर उचित मूल्य पर खुले बाजार में बेच देंगे, जिससे किसानों को सही मूल्य मिल पाएगा।
उन्होंने कहा ऐसा करने से कई प्रकार के फायदे हो सकते है,जो निम्न है :-
- सभी प्रखंड में किसानों का अपना एक कोल्ड स्टोरेज एग्रिमौल बन सकेगा।
- अधिक से अधिक बेरोजगार लोगों को उसमें काम करने को मिल जाएगा। जिससे बेरोजगारी घटेगी।
- नजदीक में एग्रिमौल होने से किसानों द्वारा किराया पर खर्च होने वाली मोटी रकम में कमी आएगी।
- किसानों द्वारा दी गई खर्चे से उसमें कार्यरत कर्मचारियों एवं वर्करों के वेतन का पेमेंट हो जाएगा।
- एग्रीमॉल ग्राउंड में हीं कृषि मंडी होगी। फसल बेचने के लिए किसानों को दूर की मंडी में नहीं जाना पड़ेगा। जहां से बाहर के व्यापारी किसान के सामान को खरीद सकेंगे।
- इस एग्रीमॉल में सिजनली फल, लीची, आम, कटहल, नींबू, सेव, संतर 1, एवं सब्जी, कोवी, बैगन, टमाटर, मटर, मुली, गा
जर, सिम, सहित अन्य वस्तुएं रख सकेंगे। जिसका मूल्य वृद्धि के बाद उसे निकालकर खुले मार्केट में बेच सकेंगे। जिससे किसानों को काफी मुनाफा हो पाएगा।
- कोल्ड स्टोरेज विथ एग्रीमॉल में किसानों के लिए कृषि यंत्र उपलब्ध कराया जाए। जहां से किसान न्यूनतम मूल्य पर कृषि यंत्र खरीद सकेंगे।
- प्रखंड कृषि मुख्यालय को एग्रीमॉल में ही शिफ्ट कर दिया जाए। जहां कृषि पदाधिकारी से लेकर कृषि कर्मचारी तक किसानों की हर एक समस्या पर ध्यान देंगे।
- एग्रीमॉल में मृदा जांच हेतु उपकरण लगाया जाएगा जहां से किसान अपने खेत की मिट्टी की जांच समय-समय पर करवा सकेंगे। 10. एग्रीमॉल के अंदर ही मौसम विज्ञान केंद्र की स्थापना होनी चाहिए। जहां से किसानों को ससमय मौसम का पूर्वानुमान का पता चल पायेगा।
उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से दिये आवेदन पर विचार करने का अनुरोध किया है।




















































